बिलासपुर:- रायपुर-धनबाद आर्थिक गलियारा को जोड़ने के लिए बिलासपुर से उरगा तक एक फोरलेन सड़क का काम होना है। जो 1500 करोड़ की लागत से बनेगी। यह 70 किलोमीटर दूरी की राज्य की पहली सड़क होगी जिसमें एक्सिस कंट्रोल सिस्टम अर्थात यह सड़क फेंसिंग से घिरी होगी। इसके साथ ही यह पूरी सड़क क्लोज टोलिंग पर आधारित होगी। जिसमें आप सड़क का जितना उपयोग करेंगे उतना ही टोल देना होगा।
इस सड़क का काम दिवाली के बाद शुरू होना है, जिसे 30 माह में 2024 तक पूरा करना है। एनएचएआई के प्रबंधक तकनीक गौरांग देवघरे ने बताया कि सड़कों से टोल प्लाजा खत्म किए जाने की व्यवस्था की घोषणा होने के बाद जीपीएस के जरिए टोल की वसूली होगी। सड़क की एंट्री और एक्जिट प्वाइंट्स पर कैमरे होंगे। राज्य की ऐसी पहली सड़क बिलासपुर के ढेका से उरगा तक बनाई जा रही है। जिस पर प्रवेश करने और निकलने पर दोनों जगह इमेज कैमरे से रिकॉर्ड की जाएगी। गाड़ी में लगे जीपीएस के साथ ही रिकॉर्ड के हिसाब से टोल लिया जाएगा। यानी जितना सफर यात्री करेंगे सिर्फ उतना ही टोल कटेगा, यात्रा के दौरान टोल जमा करने के लिए कहीं पर भी रुकने की जरूरत नहीं होगी।
अभी तक ऐसा सिस्टम था कि सभी को एक समान टोल देना होता था। इसमें सफर आधे रास्ते का करें या पूरे टोल निर्धारित दूरी का ही देना होता है। इस सड़क में ऐसा नहीं होगा। इसके निर्माण का काम दीपावली के बाद शुरू होगा। इसका काम भारत माला प्रोजेक्ट के तहत होगा। इसका काम जीआर इंफ्रा करेगा जिसके साथ भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने एग्रीमेंट साइन किया है। काम पूरा करने की अवधि काम शुरू होने के ढाई साल बाद होगी। अर्थात यह सड़क 2024 में बनकर तैयार हो जाएगी। फोरलेन सड़क रायपुर-धनबाद आर्थिक गलियारा का एक हिस्सा है। इस सड़क में 2 रेलवे ओवर ब्रिज भी बनेंगे।
विदेश की तर्ज पर नीति लागू
केंद्रीय सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय ने मार्च 2021 में यह नीति अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया सहित अन्य देशों की तर्ज पर लागू की है। विदेशों में यात्रा की दूरी के हिसाब से टोलिंग प्रणाली है इसी पर आधारित अब सड़क से टोल प्लाजा हटाने की व्यवस्था की जा रही है। बिलासपुर से बनने वाली यह सड़क राज्य की पहली
तीन जिले को जोड़ेगी
बिलासपुर के अलावा यह सड़क कोरबा और जांजगीर-चांपा को जोड़ेगी। इन तीन जिलों में बिलासपुर के 13 गांव ढेका, एरमशाही, कछार, भिलाई, हरदाडीह, कर्रा, निमतरा, परसदा, रलिया, गतौरा, मुड़पार, नवागांव शामिल हैं। जबकि कोरबा के 9 गांव मसान, बगबुड़ा, चितापाली, सेमीपाली, जुनवानी, चैनपुर, बिरदा, गुमीया और कथरीमाल है। वहीं जांजगीर-चांपा के 19 गांव अमलीपाली, चंदनीया, चंगोरी, सोन, सोनादुला, पिपरदा, सांकर, अंगारखार, बछौद, बक्शरा, चारपारा, धोरला, डोंगरी, कोरबी, पंतोरा, हरदीविशाल, खिशोरा, भिलाई और बलौदा शामिल हैं।
एक्सिस कंट्रोल सड़क होगी
नई सड़क नीति को इस सड़क पर लागू किया जाएगा। सड़क एक्सिस कंट्रोल होगी। अर्थात सड़क पर कहीं से भी बीच में चढ़ने और उतरने की व्यस्था नहीं होगी। इसमें कुछ विशेष जगहों पर ही सड़क में आने व जाने की व्यवस्था होगी। जिससे यात्री सड़क में प्रवेश करने के साथ ही बाहर निकल सकेंगे। जानवरों से सड़क को मुक्त करने के लिए पूरी सड़क की फेंसिंग की जाएगी।